Humans Real Home Planet Is Mars मानव का वास्तविक घर मंगल है

Humans Real Home Planet
Humans Real Home Planet

Humans Real Home Planet Is Mars मानव का वास्तविक घर मंगल है

आज वर्तमान समय में मंगल ग्रह पर कोई जीवन मौजूद नही हैं और मंगल ग्रह बेजान और सूखा हुआ ग्रह हैं | लेकिन आज से लगभग 3.5 अरब वर्ष पहले मंगल ग्रह पर जीवन के मौजूद होने के सबूत मिले हैं | वैज्ञानिकों का ऐसा भी मानना है कि यहाँ अरबों साल पहले मंगल ग्रह पर जटिल जीवन मौजूद था | लेकिन वर्तमान में मंगल ग्रह पर मौजूद अधिकांश पानी बर्फीली चोटियों के रूप में मौजूद हैं | और आज के समय में इस ग्रह पर मौजूद वायुमंडल भी बहुत ही पतला हो चुका हैं | जिसके कारण इस ग्रह पर लगातार सूर्य की हानिकारक पराबैंगनी किरणों और घातक रेडियेशन के कारण इस ग्रह पर जीवन के पनपने की संभावना खत्म हो चुकी हैं |

विशेषज्ञों का मानना है कि हमारा Home Planet पृथ्वी न होकर मंगल हैं | कुछ विशेषज्ञ मंगल ग्रह को ही Real Home Planet मानते हैं | वैज्ञानिकों का मानना है कि जब हमारे पूर्वज मंगल ग्रह को छोड़ रहे थे तो उन्होंने मंगल ग्रह के समान मिलते – जुलते वातावरण के अन्य ग्रह को तलाश रहे थे | जहाँ पर वे मंगल ग्रह पर जीवन समाप्त होने से पहले उस ग्रह पर जा सके जहाँ पर मानव के रहने लायक वातावरण मौजूद हो | इस सिद्धांत का समर्थन हाल ही में छपी हुई किताब Humans are not from Earth और ऐसी कुछ किताबें भी करती हैं |

ये वैज्ञानिक अपने द्वारा दिए गए सिद्धांत को वास्तविक साबित करने के लिए कुछ ठोस प्रमाण भी देते हैं | जो निम्न हैं –
  • मंगल और पृथ्वी दोनों स्थलीय ग्रह हैं |
  • जिस प्रकार पृथ्वी का एक प्राकृतिक उपग्रह चन्द्रमा हैं | जो पृथ्वी पर जीवन के लिए बहुत अहम हैं | उसी प्रकार मंगल ग्रह के भी 2 चन्द्रमा फोबोस और डिमोज भी मंगल ग्रह पर जीवन के लिए किसी समय अहम थे | लेकिन आज भी फोबोस और डिमोज मंगल ग्रह के वातावरण के लिए बहुत अहम हैं |
  • मंगल ग्रह पर उपस्थित Curiosity रोवर से मिले डेटा के आधार पर मैग्नीज ऑक्साइड ( MnO4 ) हमें इस ग्रह पर भी मिला हैं | किसी समय मंगल ग्रह भी पृथ्वी की तरह ही था |
  • जब इसका चुम्बकीय क्षेत्र नष्ट हुआ, तब इस ग्रह पर मौजूद जीवन धीरे – धीरे नष्ट हो गया |Humans Real Home Planet
  • मंगल पर सिलिकॉन, ऑक्सीजन के अलावा मंगल ग्रह की पर्पटी में बहुत अधिक मात्रा में पानी ,लोहा, मैग्नीशियम, एल्युमिनियम, कैल्शियम, पोटैशियम पाए जाते हैं |
  • मंगल ग्रह पर पाए गए खनिज तत्व और Ph की क्षारीय मात्रा, मंगल का वातावरण पृथ्वी के वातावरण से कुछ मेल खाता हैं | इन तत्वों की उपस्थिति पृथ्वी पर हरियाली के सबूत हैं | अर्थात् पादपों के पनपने के लिए उपर्युक्त हैं |
  • इंसान धरती पर लगभग 2,00,000 साल पहले आया | लेकिन इसके पुख्ता प्रमाण वैज्ञानिकों के पास नही है कि इंसान धरती पर कैसे विकसित हुआ | और यह भी हो सकता है कि मंगल पर जटिल जीवन के पनपने योग्य वातावरण भी कुछ लाख सालों में नष्ट हुआ | लेकिन सूक्ष्म जीवन अभी भी पनप रहा हो |
प्राचीन ग्रन्थों में भी ऐसी कहानियाँ प्रचलित
  • बहुत से प्राचीन ग्रन्थों में भी ऐसी कहानियाँ प्रचलित है कि मंगल ग्रह से फ़रिश्ते आये और उन्होंने इंसानों की नीव रखी |
  • यह भी पुख्ता प्रमाण मिले है कि मंगल ग्रह पर जीवन लगभग 3.5 अरब साल पहले खत्म हुआ | जबकि पृथ्वी पर भी जीवन की शुरुआत लगभग 3.5 अरब साल पहले ही हुई थी |
  • अगर मिथकों की बात करें तो आपने अक्सर सुना होगा कि ये दुनिया अपने आप को दोहरा रही हैं | अगर इसी आधार पर बात करे तो हम यह पाएगें कि हम अन्य सभी ग्रहों को छोड़कर हम मंगल ग्रह में ही इतनी दिलचस्पी क्यों लेते हैं | हम मंगल ग्रह पर ही बस्तियाँ बसाने की योजनाएँ ही क्यों बना रहें हैं |

 

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